सपने ने बचाई पूरे परिवार की जान, गंगा में समा गया पक्का मकान

उन्नाव की गंगा नदी में हो रही कटान अब आम लोगो के आशियानों के लिए दिनों दिन बड़ी मुसीबत बनती जा रही है. रिहायशी इलाकों तक पहुच चुकी गंगा की धारा में एक एक कर पक्के मकान समाते जा रहे है. वही मंगलवार सुबह कुछ ऐसी भयावह तस्वीरे सामने आई जहाँ नदी की कटान में एक मकान देखते देखते गंगा में समा गया. मकान में रहने वाले परिवार के मुखिया ने बताया कि उन्हेें सोने के कुछ देर बाद सपना आया था. कि कोई मूसबीत आने वाली है. जिसके कुछ ही देर बाद उनकी नींद खुली औऱ नदी की तेज लहरों की आवाज़ उनके कानों में आई, जिसके बाद वो पूरे परिवार समेत बाहर आ गए.

कुछ पलों में गंगा में समाया पक्का मकान
आपको बता दे तस्वीरे गंगाघाट इलाके के रविदास नगर की है. जहाँ गंगा नदी के किनारे हो रही कटान मे एक मकान  देखते देखते नदी के अंदर समा गया. आपको बता दे इस घर में विमल और उसका पूरा परिवार रात में सोया हुआ था. पीड़ित परिवार ने बताया कि सुबह गंगा नदी का पानी अचानक बढ़ गया और नदी से तेज आवाजे आने लगी.

इशारा न मिलता तो खत्म हो जाती जिंदगी
वही विमल खतरे को भाप अपने पूरे परिवार को लेकर घर के बाहर निकल आये.  पीड़ित ने बताया तभी देखते देखते पूरा उनका पूरा घर गंगा नदी में समा गया. पीड़ित परिवार के मुताबिक घर के साथ अंदर रक्खा गृहस्ती का पूरा समान गंगा नदी में समा गया, और वो कुछ भी नही बचा पाए. वही गंगा में घर गिरने की खबर से इलाके में हड़कम मच गया. नाराज लोग उन्नाव जिला प्रसाशन पर अनदेखी का आरोप लगा रहे है. इलाके के लोगो का आरोप है पिछले पाँच सालों में कई मकान गंगा में समा चुके हैं. और जिला प्रसाशन उनके डूब रहे आशियानों को बचाने की जगह हाथ पर हाथ रक्खे बैठा है.

उफनाती लहरों ने उजाड़ा घर
वही गंगा की विनाश लीला में अपना सब कुछ खो चुका विमल का परिवार अब उन्नाव जिला प्रशासन से मदद की गुहार लगा रहा है. क्योंकि अब उसके पास न रहने के लिए घर है न खाने कुछ बचा है. सब कुछ नदी में समा चुका है. परिवार के मुखिया को लगता है कि उन्हे सपने ने बचा लिया. क्योंकि सोने के कुछ देर बाद उन्हें सपना आया था कि उनके परिवार पर कुछ मूसीबत आने वाली है. जिसके बाद उनकी आंख खुली तो गंगा की तेज लहरों की आवाज़ उनके कानों में गई. तुरंत उन्हों ने अपने परिवार को जगाया और मकान से बाहर आ गए.